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अ और ब लाभ को तीन अनुपात दो में बांटते हैं। अ को पूंजी पर ब्याज 12000 रुपये और ब को 8000 रुपये देय है। शेष लाभ 30000 रुपये है। लाभ और हानि विनियोग खाते में कुल शुद्ध लाभ कितना दिखाया जाएगा?
शुद्ध लाभ में विनियोग से पहले सभी देय विनियोग जोड़े जाते हैं। परीक्षा में शेष लाभ और विनियोग को अलग पहचानें। / Net profit equals remaining profit plus appropriations before distribution. In exams identify residual profit and appropriations separately.
साझेदारी विलेख में पूंजी पर दस प्रतिशत ब्याज है पर लाभ केवल 18000 रुपये है। अ और ब की पूंजी क्रमशः 200000 रुपये और 100000 रुपये है। कोई अन्य विनियोग नहीं है। पूंजी पर ब्याज कैसे दिया जाएगा?
A. अ 12000 रुपये और ब 6000 रुपये/A ₹12000 and B ₹6000
Explanation
Simple Explanation
लाभ अपर्याप्त होने पर ब्याज पूंजी अनुपात में घटाकर दिया जाता है। परीक्षा में इसे वास्तविक देय राशि नहीं मानें। / When profit is insufficient interest is reduced in capital ratio. Do not allow the full calculated amount in such cases.
महीने की शुरुआत में औसत अवधि साढ़े छह महीने मानी जाती है। सूत्र में कुल आहरण को दर और समय से गुणा करें। / For monthly drawings at the beginning average period is 6.5 months. Multiply total drawings by rate and time.
महीने के अंत में औसत अवधि साढ़े पांच महीने होती है। सही समय लगाने से उत्तर 1980 रुपये आता है। / For monthly drawings at the end average period is 5.5 months. Applying the correct time gives ₹1980.
तिमाही की शुरुआत में औसत अवधि साढ़े सात महीने होती है। कुल आहरण 24000 रुपये पर वही समय लगेगा। / For quarterly drawings at the beginning average period is 7.5 months. Apply it on total drawings of ₹24000.
साझेदार अ को मासिक वेतन 4000 रुपये देय था लेकिन खातों में दर्ज नहीं हुआ। लाभ पहले ही अ और ब में समान बांटकर बंद कर दिया गया। सुधार प्रविष्टि में किसका खाता डेबिट होगा?
A. ब का पूंजी खाता 24000 रुपये/B capital account ₹24000
Explanation
Simple Explanation
कुल वेतन 48000 रुपये है और अ को पहले आधा लाभ मिल चुका है। इसलिए ब से केवल उसका अतिरिक्त भाग 24000 रुपये वापस लिया जाएगा। / Total salary is ₹48000 and A already received half through profit sharing. So only B's excess share ₹24000 is debited.
अ और ब लाभ को दो अनुपात एक में बांटते हैं। अ की पूंजी 150000 रुपये और ब की 90000 रुपये है। पूंजी पर ब्याज छह प्रतिशत चूक गया और लाभ पहले बांट दिया गया। किसे कितना समायोजन मिलेगा?
A. अ को 600 रुपये क्रेडिट और ब को 600 रुपये डेबिट/Credit A ₹600 and debit B ₹600
Explanation
Simple Explanation
देय ब्याज अ 9000 और ब 5400 है। लाभ अनुपात में भार डालने के बाद शुद्ध अंतर केवल 600 रुपये अ के पक्ष में है। / Interest due is A ₹9000 and B ₹5400. After charging it in profit ratio the net correction is ₹600 in favour of A.
साझेदार के ऋण पर ब्याज अधिनियम के अनुसार छह प्रतिशत वार्षिक देय होता है। इसे पूंजी पर ब्याज से अलग रखें। / Interest on partner's loan is payable at 6% per annum under law. Keep it separate from interest on capital.
विलेख मौन होने पर पूंजी पर ब्याज नहीं दिया जाता। परीक्षा में ऋण ब्याज और पूंजी ब्याज को न मिलाएं। / When the deed is silent interest on capital is not allowed. Do not confuse it with interest on loan.
अ और ब का लाभ अनुपात तीन अनुपात दो है। ब को न्यूनतम लाभ 40000 रुपये की गारंटी अ ने दी है। कुल लाभ 90000 रुपये है और कोई अन्य समायोजन नहीं है। अंतिम लाभ कितना होगा?
A. अ 50000 रुपये और ब 40000 रुपये/A ₹50000 and B ₹40000
Explanation
Simple Explanation
ब का सामान्य हिस्सा 36000 रुपये है इसलिए 4000 रुपये की कमी अ वहन करेगा। गारंटी देने वाले की हिस्सेदारी घटती है। / B's normal share is ₹36000 so A bears the deficiency of ₹4000. The guaranteeing partner's share is reduced.
अ ब और स लाभ को पांच अनुपात तीन अनुपात दो में बांटते हैं। स को न्यूनतम 25000 रुपये की गारंटी अ और ब ने अपने लाभ अनुपात में दी है। कुल लाभ 90000 रुपये है। अ का अंतिम हिस्सा क्या होगा?
स का सामान्य हिस्सा 18000 रुपये है और कमी 7000 रुपये है। अ कमी का पांच आठ हिस्सा वहन करता है। / C's normal share is ₹18000 and deficiency is ₹7000. A bears five eighth of the deficiency.
A. शुद्ध लाभ के साझेदारों में विनियोग दिखाने के लिए/To show appropriation of net profit among partners
Explanation
Simple Explanation
यह खाता शुद्ध लाभ के बाद साझेदारों के वेतन ब्याज और लाभ वितरण दिखाता है। इसे लाभ और हानि खाते से अलग समझें। / This account shows salary interest and profit distribution after net profit. Treat it separately from the Profit and Loss Account.
स्थिर पूंजी पद्धति में नियमित समायोजन चालू खाते में जाते हैं। पूंजी खाता सामान्यतः स्थिर रहता है। / Under fixed capital method routine adjustments go to the current account. The capital account usually remains fixed.
A. साझेदार का पूंजी खाता/Partner's Capital Account
Explanation
Simple Explanation
चल पूंजी पद्धति में अलग चालू खाता नहीं रखा जाता। सभी समायोजन पूंजी खाते में दर्ज होते हैं। / Under fluctuating capital method no separate current account is maintained. All adjustments are recorded in the capital account.
ऋण पर ब्याज छह प्रतिशत वार्षिक और छह महीने के लिए होगा। साझेदार ऋण को पूंजी न मानें। / Interest on loan is 6% per annum for six months. Do not treat partner's loan as capital.
अ और ब का लाभ अनुपात समान है। अ की पूंजी 80000 रुपये और ब की 120000 रुपये है। पूंजी पर ब्याज दस प्रतिशत गलती से नहीं दिया गया पर लाभ 60000 रुपये समान बांट दिया गया। सुधार में किसे लाभ होगा?
ब को ब्याज अधिक मिलना चाहिए था लेकिन भार समान पड़ता है। शुद्ध समायोजन 2000 रुपये ब के पक्ष में है। / B should receive more interest while the charge falls equally. Net adjustment is ₹2000 in favour of B.
A. क्रेडिट पक्ष में दिखाया जाता है/Shown on the credit side
Explanation
Simple Explanation
आहरण पर ब्याज फर्म की आय है इसलिए विनियोग खाते के क्रेडिट पक्ष में जाता है। यह साझेदार के खाते में डेबिट होता है। / Interest on drawings is income for the firm so it appears on the credit side. It is debited to the partner's account.
साझेदारों को लाभ पर कमीशन शुद्ध लाभ के पांच प्रतिशत के रूप में दिया जाना है। शुद्ध लाभ 200000 रुपये है। कमीशन के बाद लाभ पर कमीशन नहीं है। कुल कमीशन कितना होगा?
जब कमीशन शुद्ध लाभ पर हो तो सीधा पांच प्रतिशत लगाया जाता है। बाद वाले लाभ की शर्त न हो तो उल्टा सूत्र नहीं लगेगा। / When commission is on net profit apply 5% directly. Do not use the inverse formula unless it is on profit after commission.
कमीशन \(=110000 \times \frac{10}{110}\) है। परीक्षा में बाद वाले लाभ पर कमीशन के लिए यही सूत्र लगाएं। / Commission \(=110000 \times \frac{10}{110}\). Use this formula when commission is on profit after commission.
A. ब को 15000 रुपये डेबिट और अ को 15000 रुपये क्रेडिट/Debit B ₹15000 and credit A ₹15000
Explanation
Simple Explanation
अतिरिक्त वेतन 30000 रुपये से ब को लाभ और अ को आधा नुकसान हुआ। शुद्ध सुधार 15000 रुपये है। / The extra salary of ₹30000 benefited B and reduced A's share by half. Net correction is ₹15000.
लाभ 70000 रुपये है। पूंजी पर ब्याज 50000 रुपये और साझेदार वेतन 30000 रुपये देय है। विलेख कहता है कि ब्याज और वेतन लाभ होने पर ही देय हैं। सही उपचार क्या है?
A. दोनों को उनके दावों के अनुपात में 70000 रुपये तक घटाकर दें/Reduce both proportionately to ₹70000
Explanation
Simple Explanation
जब प्राथमिकता न दी हो तो अपर्याप्त लाभ में दावों को अनुपात में घटाया जाता है। कुल विनियोग लाभ से अधिक नहीं हो सकता। / When no priority is given claims are reduced proportionately if profit is insufficient. Total appropriation cannot exceed profit.
अ और ब का लाभ अनुपात तीन अनुपात एक है। ब को कुल लाभ का बीस प्रतिशत कमीशन दिया जाता है और शेष लाभ अनुपात में बांटा जाता है। लाभ 100000 रुपये है। अ का कुल हिस्सा क्या होगा?
पहले ब का कमीशन 20000 रुपये घटेगा और शेष 80000 रुपये बांटे जाएंगे। अ को शेष का तीन चौथाई मिलेगा। / First deduct B's commission of ₹20000 and distribute the balance ₹80000. A gets three fourth of the balance.
अ और ब की पूंजी क्रमशः 100000 रुपये और 150000 रुपये है। लाभ अनुपात दो अनुपात तीन है। पूंजी पर ब्याज दस प्रतिशत देय है और उपलब्ध लाभ केवल 20000 रुपये है। ब को कितना ब्याज मिलेगा?
देय ब्याज 10000 और 15000 है इसलिए अनुपात दो अनुपात तीन है। उपलब्ध लाभ 20000 रुपये इसी अनुपात में बांटा जाएगा। / Interest due is ₹10000 and ₹15000 so the ratio is 2:3. Available profit ₹20000 is divided in that ratio.
A. इसे साझेदारों में हानि अनुपात में बांटा जाएगा/It is distributed among partners in loss sharing ratio
Explanation
Simple Explanation
डेबिट पक्ष अधिक होने पर विनियोग हानि बनती है। इसे सामान्य हानि अनुपात में पूंजी या चालू खातों में डेबिट करें। / Excess debit side creates an appropriation loss. Debit it to capital or current accounts in loss sharing ratio.
मूल पूंजी पर पूरे वर्ष का और अतिरिक्त पूंजी पर छह महीने का ब्याज लगेगा। समय का अलग अलग हिसाब करें। / Original capital earns interest for full year and additional capital for six months. Calculate time periods separately.
पूंजी वापसी अंतिम तीन महीने के लिए प्रभावी है। कमी \(40000 \times 10% \times \frac{3}{12}\) होगी। / The withdrawal affects the last three months. Reduction is \(40000 \times 10% \times \frac{3}{12}\).
अ और ब लाभ को तीन अनुपात दो में बांटते हैं। अ को 20000 रुपये वेतन और ब को 10000 रुपये कमीशन देना था पर दोनों छूट गए। लाभ पहले 50000 रुपये के रूप में अनुपात में बांट दिया गया। शुद्ध सुधार क्या होगा?
A. अ को 8000 रुपये क्रेडिट और ब को 8000 रुपये डेबिट/Credit A ₹8000 and debit B ₹8000
Explanation
Simple Explanation
कुल छूटा विनियोग 30000 रुपये है जिसे लाभ अनुपात से भारित करें। अ का शुद्ध लाभ 20000 माइनस 18000 यानी 2000 नहीं बल्कि ब का दावा घटाकर कुल अंतर 8000 अ के पक्ष में है। / Total omitted appropriation is ₹30000 and its burden is in profit ratio. Net effect of salary and commission gives ₹8000 in favour of A.
A. अ का पूंजी या चालू खाता 12000 रुपये डेबिट होगा/A's capital or current account will be debited ₹12000
Explanation
Simple Explanation
निजी खर्च साझेदार का आहरण है। इसलिए संबंधित साझेदार के खाते को डेबिट किया जाता है। / Personal expense is a partner's drawing. Therefore the concerned partner's account is debited.
A. अ को 7500 रुपये डेबिट और ब को 2500 रुपये क्रेडिट/Debit A ₹7500 and credit B ₹2500
Explanation
Simple Explanation
आहरण ब्याज आय है और अ पर देय है। खर्च मानने से लाभ भी 5000 रुपये कम हुआ इसलिए संयुक्त प्रभाव सही करें। / Interest on drawings is income and due from A. Treating it as expense also reduced profit by ₹5000 so correct the combined effect.
A. साझेदार के ऋण पर ब्याज/Interest on partner's loan
Explanation
Simple Explanation
साझेदार ऋण पर ब्याज फर्म का वित्तीय खर्च है। यह लाभ निकालने से पहले लाभ और हानि खाते में जाता है। / Interest on partner's loan is a finance expense of the firm. It goes to Profit and Loss Account before calculating profit.
अ ब और स का लाभ अनुपात दो अनुपात दो अनुपात एक है। स को 18000 रुपये की गारंटी सभी साझेदारों ने लाभ अनुपात में दी है। लाभ 60000 रुपये है। अ का अंतिम हिस्सा क्या होगा?
स का सामान्य हिस्सा 12000 रुपये है और कमी 6000 रुपये है। सभी साझेदार लाभ अनुपात में कमी वहन करते हैं इसलिए अ पर 2400 रुपये भार आता है। / C's normal share is ₹12000 and deficiency is ₹6000. All partners bear it in profit ratio so A bears ₹2400.
अ और ब लाभ को तीन अनुपात दो में बांटते हैं। अ ने 6000 रुपये निकाले जिस पर ब्याज 600 रुपये है। ब ने 9000 रुपये निकाले जिस पर ब्याज 900 रुपये है। विनियोग खाते में कुल क्रेडिट कितना होगा?
आहरण पर ब्याज फर्म की आय है और दोनों का कुल क्रेडिट होगा। व्यक्तिगत डेबिट अलग खातों में होगा। / Interest on drawings is income of the firm and total of both is credited. Individual debit is made in partners' accounts.
लाभ 120000 रुपये है। अ और ब का लाभ अनुपात एक अनुपात दो है। अ को 30000 रुपये वेतन और ब को पूंजी पर ब्याज 15000 रुपये है। शेष लाभ में ब का हिस्सा कितना होगा?
पहले वेतन और ब्याज कुल 45000 रुपये घटते हैं। शेष 75000 रुपये में ब को दो तिहाई मिलेगा। / First salary and interest totaling ₹45000 are deducted. B gets two third of the remaining ₹75000.
अ और ब ने लाभ 40000 रुपये समान बांट लिया। बाद में पता चला कि ब के 20000 रुपये आहरण पर दस प्रतिशत ब्याज छह महीने के लिए नहीं लगाया गया। सुधार क्या होगा?
A. ब को 500 रुपये डेबिट और अ को 500 रुपये क्रेडिट/Debit B ₹500 and credit A ₹500
Explanation
Simple Explanation
छूटा ब्याज 1000 रुपये है और लाभ समान बांटने से ब को आधा वापस मिल जाता। शुद्ध समायोजन 500 रुपये अ के पक्ष में है। / Omitted interest is ₹1000 and equal profit sharing would return half to B. Net correction is ₹500 in favour of A.
विलेख में लिखा है कि पूंजी पर ब्याज लाभ या हानि की परवाह किए बिना दिया जाएगा। वर्ष में हानि 10000 रुपये है और ब्याज 30000 रुपये है। कुल डेबिट साझेदारों में कितना बांटा जाएगा?
जब ब्याज हर हाल में देय हो तो वह हानि को बढ़ा देता है। कुल भार हानि और ब्याज का योग होगा। / When interest is payable in all circumstances it increases the loss. Total burden is loss plus interest.
अ की गारंटी ब को दी गई है कि ब का लाभ 50000 रुपये से कम नहीं होगा। अ और ब का लाभ अनुपात चार अनुपात एक है। कुल लाभ 160000 रुपये है। गारंटी का प्रभाव क्या होगा?
A. अ से ब को 18000 रुपये दिए जाएंगे/₹18000 will be transferred from A to B
Explanation
Simple Explanation
ब का सामान्य हिस्सा 32000 रुपये है। गारंटी पूरी करने के लिए कमी 18000 रुपये अ देगा। / B's normal share is ₹32000. A will bear the deficiency of ₹18000 to meet the guarantee.
अ ब और स का लाभ अनुपात तीन अनुपात दो अनुपात एक है। अ को 24000 रुपये वेतन देना था जो छूट गया। लाभ पहले अनुपात में बांट दिया गया। किस साझेदार पर सबसे अधिक डेबिट प्रभाव पड़ेगा?
छूटे वेतन का भार पुराने लाभ अनुपात में पड़ेगा और अ को वेतन मिलेगा। शुद्ध डेबिट ब पर 8000 रुपये और स पर 4000 रुपये होगा। / The burden of omitted salary falls in profit ratio while A receives salary. Net debit is ₹8000 for B and ₹4000 for C.
वेतन के बाद शेष 75000 रुपये है और ब का कमीशन 7500 रुपये है। बचा 67500 रुपये समान बांटने पर ब का कुल 41250 रुपये होगा। / After salary the balance is ₹75000 and B's commission is ₹7500. Equal share of remaining ₹67500 gives B total ₹41250.
तारीखें दी हों तो उत्पाद विधि सबसे सटीक रहती है। औसत अवधि केवल नियमित आहरण में उपयोगी है। / When dates are given the product method is most accurate. Average period is useful only for regular drawings.
अ ने एक जुलाई को 10000 रुपये और एक जनवरी को 20000 रुपये निकाले। वर्ष इकतीस मार्च को समाप्त होता है। ब्याज दर बारह प्रतिशत है। उत्पाद विधि से ब्याज कितना होगा?
पहला आहरण नौ महीने और दूसरा तीन महीने के लिए है। ब्याज \(10000 \times 12% \times \frac{9}{12}+20000 \times 12% \times \frac{3}{12}\) है। / First drawing is for nine months and second for three months. Interest is \(10000 \times 12% \times \frac{9}{12}+20000 \times 12% \times \frac{3}{12}\).
A. लाभ और हानि विनियोग खाते के डेबिट पक्ष में/Debit side of Profit and Loss Appropriation Account
Explanation
Simple Explanation
साझेदार को देय कमीशन लाभ का विनियोग है। इसलिए यह विनियोग खाते में डेबिट होगा। / Commission payable to a partner is an appropriation of profit. Therefore it is debited to the appropriation account.
अ और ब का लाभ अनुपात दो अनुपात एक है। अ का वेतन 18000 रुपये गलती से खर्च में डेबिट कर दिया गया और फिर विनियोग में भी डेबिट कर दिया गया। खाते बंद हैं। सुधार क्या होगा?
A. अ को 6000 रुपये क्रेडिट और ब को 6000 रुपये डेबिट/Credit A ₹6000 and debit B ₹6000
Explanation
Simple Explanation
वेतन एक बार विनियोग में सही था पर खर्च में डेबिट से लाभ घटा। लाभ घटने का भार दो अनुपात एक में पड़ा इसलिए शुद्ध सुधार अ के पक्ष में 6000 रुपये है। / Salary was correct once in appropriation but expense debit reduced profit. The reduced profit burden fell in 2:1 so net correction favours A by ₹6000.
A. अ ने अपने क्रेडिट समायोजनों से अधिक निकासी या डेबिट समायोजन किए/A has drawings or debit adjustments exceeding credits
Explanation
Simple Explanation
स्थिर पूंजी में चालू खाता ही वेतन ब्याज लाभ आहरण जैसे समायोजन दिखाता है। डेबिट शेष अधिक देयता या निकासी बताता है। / In fixed capital method the current account records salary interest profit and drawings. A debit balance shows excess withdrawals or debit adjustments.
जब तारीखें न हों और आहरण समान माने जाएं तो औसत अवधि छह महीने होती है। शुरुआत या अंत का संकेत हो तो अवधि बदलती है। / When dates are absent and drawings are assumed uniform average period is six months. It changes only if beginning or end is specified.
अ ब और स लाभ को तीन अनुपात दो अनुपात एक में बांटते हैं। कुल लाभ 96000 रुपये है। अ को 12000 रुपये वेतन और स को 6000 रुपये पूंजी ब्याज है। ब का शेष लाभ हिस्सा कितना है?
पहले कुल विनियोग 18000 रुपये घटते हैं और शेष 78000 रुपये बचता है। ब को दो छठा हिस्सा यानी 26000 रुपये मिलेगा। / First total appropriations of ₹18000 are deducted and ₹78000 remains. B gets two sixth share which is ₹26000.
अ और ब का लाभ अनुपात तीन अनुपात दो है। अ को 50000 रुपये की न्यूनतम आय गारंटी है जिसमें वेतन और लाभ हिस्सा दोनों शामिल हैं। अ का वेतन 20000 रुपये है और कुल लाभ 100000 रुपये है। क्या अतिरिक्त गारंटी देय है?
A. नहीं क्योंकि अ की कुल आय 68000 रुपये है/No because A's total income is ₹68000
Explanation
Simple Explanation
वेतन के बाद शेष 80000 रुपये में अ का हिस्सा 48000 रुपये है। कुल आय 68000 रुपये है इसलिए गारंटी से अधिक है। / After salary the remaining ₹80000 gives A share of ₹48000. Total income is ₹68000 so it exceeds the guarantee.
A. ब्याज नहीं लगाया जाएगा/No interest will be charged
Explanation
Simple Explanation
साझेदार को फर्म द्वारा दिए गए ऋण पर ब्याज तभी लगता है जब विलेख में हो। यह साझेदार के फर्म को दिए ऋण से अलग है। / Interest on loan given by firm to partner is charged only if the deed provides it. It is different from a partner's loan to the firm.
पूंजी पर ब्याज क्रेडिट और आहरण पर ब्याज डेबिट होता है। शुद्ध क्रेडिट 10000 माइनस 1500 यानी 8500 रुपये है। / Interest on capital is credited and interest on drawings is debited. Net credit is ₹10000 minus ₹1500 equal to ₹8500.
A. फर्म की विनियोग योग्य आय कम दिखाई देगी/Appropriable income of the firm will appear lower
Explanation
Simple Explanation
आहरण पर ब्याज फर्म की आय है। इसे भूलने पर वितरण के लिए उपलब्ध कुल राशि कम दिखाई देती है। / Interest on drawings is income of the firm. Omitting it makes total amount available for distribution appear lower.
A. अ को 8000 रुपये क्रेडिट और ब को 8000 रुपये डेबिट/Credit A ₹8000 and debit B ₹8000
Explanation
Simple Explanation
अ के वेतन से अ को शुद्ध 6000 रुपये मिलते हैं और ब के आहरण ब्याज से अ को 2000 रुपये अतिरिक्त लाभ होता है। कुल सुधार 8000 रुपये अ के पक्ष में है। / A's salary gives A a net benefit of ₹6000 and B's drawings interest gives A an extra ₹2000. Total correction is ₹8000 in favour of A.
अ और ब लाभ को चार अनुपात तीन में बांटते हैं। अ की प्रारंभिक पूंजी 180000 रुपये थी और उसने एक अक्टूबर को 60000 रुपये अतिरिक्त लगाए। पूंजी पर ब्याज दस प्रतिशत वार्षिक है। अ का पूंजी ब्याज कितना होगा?
प्रारंभिक पूंजी पर पूरे वर्ष और अतिरिक्त पूंजी पर छह महीने का ब्याज लगेगा। समय के अनुसार पूंजी ब्याज निकालें। / Opening capital earns interest for the full year and additional capital for six months. Calculate interest according to time.
ब ने वर्ष की शुरुआत में 240000 रुपये पूंजी लगाई और एक जनवरी को 80000 रुपये निकाल लिए। पूंजी पर ब्याज नौ प्रतिशत वार्षिक है। ब को कुल पूंजी ब्याज कितना मिलेगा?
240000 रुपये पर नौ महीने और 160000 रुपये पर तीन महीने का ब्याज लगेगा। पूंजी वापसी की तारीख अवश्य देखें। / Interest is calculated on ₹240000 for nine months and ₹160000 for three months. Always check the date of capital withdrawal.
अ और ब लाभ को पांच अनुपात तीन में बांटते हैं। अ को सालाना वेतन 36000 रुपये और ब को 24000 रुपये कमीशन देय है। कुल लाभ 140000 रुपये है। शेष लाभ में अ का हिस्सा कितना होगा?
पहले वेतन और कमीशन 60000 रुपये घटेंगे। शेष 80000 रुपये में अ को पांच आठ हिस्सा मिलेगा। / First salary and commission of ₹60000 are deducted. A gets five eighth of the remaining ₹80000.
महीने के बीच में नियमित आहरण पर औसत अवधि छह महीने होती है। कुल आहरण 60000 रुपये पर छह महीने का ब्याज लगेगा। / For regular drawings in the middle of each month the average period is six months. Interest is charged on total drawings ₹60000 for six months.
तिमाही के अंत में औसत अवधि साढ़े चार महीने होती है। कुल आहरण 48000 रुपये पर यही समय लगेगा। / For quarterly drawings at the end the average period is 4.5 months. Apply this period on total drawings of ₹48000.
पहले आहरण पर दस महीने और दूसरे पर पांच महीने का ब्याज लगेगा। उत्पाद विधि तारीखों वाले प्रश्नों में सबसे सही रहती है। / The first drawing carries interest for ten months and the second for five months. Product method is best when dates are given.
अ और ब ने लाभ समान बांट लिया। बाद में पता चला कि अ के 18000 रुपये वेतन को दर्ज नहीं किया गया और ब के 6000 रुपये आहरण ब्याज को भी छोड़ दिया गया। शुद्ध सुधार क्या होगा?
A. अ को 12000 रुपये क्रेडिट और ब को 12000 रुपये डेबिट/Credit A ₹12000 and debit B ₹12000
Explanation
Simple Explanation
वेतन से अ को शुद्ध 9000 रुपये लाभ और ब के आहरण ब्याज से अ को 3000 रुपये लाभ मिलेगा। कुल समायोजन 12000 रुपये अ के पक्ष में है। / Salary gives A a net benefit of ₹9000 and B's drawing interest gives A ₹3000 more. Total adjustment is ₹12000 in favour of A.
अ और ब का लाभ अनुपात दो अनुपात तीन है। अ की पूंजी 100000 रुपये और ब की पूंजी 200000 रुपये है। पूंजी पर ब्याज दस प्रतिशत छूट गया और लाभ पहले बांट दिया गया। शुद्ध समायोजन किसके पक्ष में होगा?
A. ब के पक्ष में 2000 रुपये/In favour of B by ₹2000
Explanation
Simple Explanation
देय ब्याज अ 10000 रुपये और ब 20000 रुपये है। भार लाभ अनुपात में डालने पर ब को शुद्ध 2000 रुपये मिलेंगे। / Interest due is A ₹10000 and B ₹20000. After charging the burden in profit ratio B receives a net ₹2000.
अ ब और स लाभ को चार अनुपात तीन अनुपात दो में बांटते हैं। स को न्यूनतम 36000 रुपये की गारंटी अ अकेला देता है। कुल लाभ 135000 रुपये है। अ का अंतिम हिस्सा कितना होगा?
स का सामान्य हिस्सा 30000 रुपये है इसलिए कमी 6000 रुपये अ वहन करेगा। अ का सामान्य हिस्सा 60000 रुपये घटकर 54000 रुपये होगा। / C's normal share is ₹30000 so A bears the deficiency of ₹6000. A's normal share ₹60000 reduces to ₹54000.
अ ब और स लाभ को दो अनुपात दो अनुपात एक में बांटते हैं। ब को न्यूनतम 30000 रुपये की गारंटी अ और स बराबर देते हैं। लाभ 100000 रुपये है। स का अंतिम हिस्सा क्या होगा?
ब का सामान्य हिस्सा 40000 रुपये है जो गारंटी से अधिक है। इसलिए कोई कमी नहीं है और स को सामान्य 20000 रुपये मिलना चाहिए। / B's normal share is ₹40000 which is more than the guarantee. So there is no deficiency and C should get normal ₹20000.
अ ब और स लाभ को दो अनुपात दो अनुपात एक में बांटते हैं। ब को न्यूनतम 30000 रुपये की गारंटी अ और स बराबर देते हैं। लाभ 60000 रुपये है। स का अंतिम हिस्सा क्या होगा?
ब का सामान्य हिस्सा 24000 रुपये है और कमी 6000 रुपये है। स आधी कमी यानी 3000 रुपये वहन करता है इसलिए उसका हिस्सा 9000 रुपये रहेगा। / B's normal share is ₹24000 and the deficiency is ₹6000. C bears half of it ₹3000 so his share becomes ₹9000.
आहरण पर ब्याज तभी लगाया जाता है जब विलेख में प्रावधान हो। मौन विलेख में इसे स्वतः नहीं मानते। / Interest on drawings is charged only when the deed provides for it. It is not assumed under a silent deed.
मौन विलेख में साझेदार के ऋण पर छह प्रतिशत वार्षिक ब्याज मिलता है। एक जुलाई से नौ महीने का ब्याज होगा। / Under a silent deed partner's loan earns interest at 6% per annum. From 1 July interest is for nine months.
A. उसे लाभ और हानि खाते में स्थानांतरित किया जाएगा/It should be transferred to the Profit and Loss Account
Explanation
Simple Explanation
साझेदार ऋण ब्याज लाभ निकालने से पहले का खर्च है। यह विनियोग नहीं बल्कि लाभ और हानि खाते की मद है। / Interest on partner's loan is an expense before determining profit. It is not an appropriation item but a Profit and Loss Account item.
स्थिर पूंजी में नियमित विनियोग चालू खाते में दर्ज होते हैं। पूंजी खाते में बार बार बदलाव नहीं किया जाता। / Under fixed capital method routine appropriations are recorded in the current account. The capital account is not changed frequently.
चल पूंजी में आहरण और आहरण ब्याज दोनों पूंजी खाते में डेबिट होते हैं। दोनों का योग 32400 रुपये है। / In fluctuating capital method both drawings and interest on drawings are debited to the capital account. Their total is ₹32400.
A. 32000 अनुपात 28000 में घटाकर/Reduced in the ratio 32000:28000
Explanation
Simple Explanation
जब लाभ अपर्याप्त हो और प्राथमिकता न हो तो दावे अपने देय अनुपात में घटते हैं। कुल भुगतान लाभ 50000 रुपये से अधिक नहीं होगा। / When profit is insufficient and no priority is given claims are reduced in the ratio due. Total payment cannot exceed profit ₹50000.
अ और ब को पूंजी पर ब्याज क्रमशः 24000 रुपये और 16000 रुपये देय है। उपलब्ध लाभ केवल 30000 रुपये है और अन्य विनियोग नहीं है। ब को कितना ब्याज दिया जाएगा?
कुल देय ब्याज 40000 रुपये है पर लाभ 30000 रुपये है। ब को 30000 का 16000 बटा 40000 हिस्सा मिलेगा। / Total interest due is ₹40000 but profit is ₹30000. B gets \(30000 \times \frac{16000}{40000}\).
A. अ को 3000 रुपये डेबिट और ब को 3000 रुपये क्रेडिट/Debit A ₹3000 and credit B ₹3000
Explanation
Simple Explanation
आय सही दर्ज हो गई थी पर गलत साझेदार से ली गई। इसलिए केवल अ और ब के खातों में स्थानांतरण होगा। / The income was recorded correctly but charged to the wrong partner. Therefore only a transfer between A and B is needed.
A. अ को 25000 रुपये डेबिट और ब को 25000 रुपये क्रेडिट/Debit A ₹25000 and credit B ₹25000
Explanation
Simple Explanation
वेतन खर्च सही माना गया पर गलत साझेदार को क्रेडिट हुआ। इसलिए पूरी राशि अ से ब को स्थानांतरित होगी। / The salary charge is assumed correct but credited to the wrong partner. So the whole amount is transferred from A to B.
लाभ और हानि विनियोग खाते में शुद्ध लाभ 180000 रुपये है। आहरण पर ब्याज 6000 रुपये है। पूंजी पर ब्याज 30000 रुपये और वेतन 24000 रुपये है। वितरण योग्य शेष लाभ कितना है?
आहरण ब्याज क्रेडिट में जोड़ें और पूंजी ब्याज तथा वेतन डेबिट में घटाएं। शेष 180000 जमा 6000 घटा 54000 है। / Add interest on drawings on the credit side and deduct interest on capital and salary. Residual is ₹180000 plus ₹6000 minus ₹54000.
अ और ब का लाभ अनुपात दो अनुपात एक है। ब को शुद्ध लाभ का दस प्रतिशत कमीशन दिया जाता है। लाभ कमीशन से पहले 90000 रुपये है। कमीशन शुद्ध लाभ पर है कमीशन के बाद लाभ पर नहीं। ब का कमीशन कितना होगा?
जब कमीशन लाभ पर हो और बाद वाले लाभ पर न हो तो सीधे दर लगती है। इसलिए 90000 का दस प्रतिशत 9000 रुपये है। / When commission is on profit and not on profit after commission apply the rate directly. Ten percent of ₹90000 is ₹9000.
कमीशन \(=84000 \times \frac{5}{105}\) होगा। बाद वाले लाभ पर कमीशन में हर हमेशा सौ जमा दर होता है। / Commission \(=84000 \times \frac{5}{105}\). For commission on profit after commission the denominator is 100 plus the rate.
अ और ब लाभ को तीन अनुपात एक में बांटते हैं। अ को कुल लाभ का पंद्रह प्रतिशत कमीशन और फिर शेष लाभ अनुपात में मिलता है। कुल लाभ 120000 रुपये है। अ का कुल हिस्सा कितना है?
अ का कमीशन 18000 रुपये है और शेष 102000 रुपये में अ को तीन चौथाई मिलेगा। कुल 94500 रुपये होगा। / A's commission is ₹18000 and A gets three fourth of the balance ₹102000. Total is ₹94500.
अ ब और स की स्थिर पूंजी है। स के चालू खाते में प्रारंभिक डेबिट शेष 5000 रुपये था। वर्ष में स को लाभ हिस्सा 22000 रुपये और आहरण 30000 रुपये हैं। अंतिम चालू खाता शेष क्या होगा?
प्रारंभिक डेबिट और आहरण कुल 35000 रुपये हैं जबकि क्रेडिट 22000 रुपये है। शेष 13000 रुपये डेबिट रहेगा। / Opening debit and drawings total ₹35000 while credit is ₹22000. The balance remains debit ₹13000.
स्थिर पूंजी पद्धति में भी वास्तविक पूंजी परिवर्तन पूंजी खाते में ही दर्ज होता है। नियमित विनियोग चालू खाते में जाते हैं। / Even under fixed capital method an actual change in capital is recorded in the capital account. Routine appropriations go to the current account.
ब का सामान्य हिस्सा 15000 रुपये है और कमी 10000 रुपये है। अ का सामान्य हिस्सा 60000 रुपये घटकर 50000 रुपये रह जाएगा। / B's normal share is ₹15000 and deficiency is ₹10000. A's normal share ₹60000 reduces to ₹50000.
A. ब के पूंजी या चालू खाते को 18000 रुपये डेबिट करें/Debit B's capital or current account by ₹18000
Explanation
Simple Explanation
निजी बीमा प्रीमियम साझेदार का व्यक्तिगत खर्च है। फर्म द्वारा भुगतान होने पर इसे आहरण माना जाता है। / Personal insurance premium is a partner's personal expense. When paid by the firm it is treated as drawings.
अ और ब ने लाभ 90000 रुपये तीन अनुपात दो में बांटा। बाद में पता चला कि अ के पूंजी ब्याज 15000 रुपये और ब के आहरण ब्याज 5000 रुपये छूट गए। शुद्ध सुधार किसके पक्ष में होगा?
A. अ के पक्ष में 8000 रुपये/In favour of A by ₹8000
Explanation
Simple Explanation
अ के ब्याज से अ को 6000 रुपये शुद्ध लाभ मिलता है और ब के आहरण ब्याज से अ को 3000 रुपये मिलते दिख सकते हैं पर ब पर कुल भार के बाद शुद्ध 8000 रुपये अ के पक्ष में है। / A's interest and B's drawings interest together create a net correction in A's favour. After profit ratio adjustment the net amount is ₹8000.
A. अ को 14000 रुपये क्रेडिट और ब को 14000 रुपये डेबिट/Credit A ₹14000 and debit B ₹14000
Explanation
Simple Explanation
वेतन अ को मिलना है पर उसका भार लाभ अनुपात में पड़ेगा। अ अपने हिस्से का 7000 रुपये भार खुद उठाता है इसलिए शुद्ध 14000 रुपये मिलेगा। / Salary is payable to A but its burden falls in profit ratio. A bears ₹7000 himself so the net credit is ₹14000.
A. ब को 6000 रुपये डेबिट और अ को 6000 रुपये क्रेडिट/Debit B ₹6000 and credit A ₹6000
Explanation
Simple Explanation
अतिरिक्त ब्याज हटाने पर लाभ 10000 रुपये बढ़ता है जिसका ब को दो पांच हिस्सा वापस मिलता। शुद्ध ब पर भार 6000 रुपये है। / Removing excess interest increases profit by ₹10000 and B gets back two fifth through profit share. Net burden on B is ₹6000.
साझेदार कमीशन सामान्यतः लाभ का विनियोग है। इसे शुद्ध लाभ के बाद विनियोग खाते में दिखाया जाता है। / Partner's commission is generally an appropriation of profit. It is shown after net profit in the appropriation account.
अ ब और स लाभ को तीन अनुपात तीन अनुपात दो में बांटते हैं। कुल लाभ 160000 रुपये है। ब को 20000 रुपये वेतन और स को 16000 रुपये कमीशन है। अ का शेष लाभ हिस्सा कितना है?
वेतन और कमीशन घटाने के बाद शेष 124000 रुपये है। अ को तीन आठ हिस्सा 46500 रुपये मिलेगा। / After deducting salary and commission the balance is ₹124000. A gets three eighth which is ₹46500.
साझेदार वेतन लाभ का विनियोग है इसलिए डेबिट पक्ष में आता है। आहरण पर ब्याज क्रेडिट पक्ष में जाता है। / Partner's salary is an appropriation of profit so it appears on the debit side. Interest on drawings appears on the credit side.
आहरण पर ब्याज फर्म की आय है और क्रेडिट पक्ष में दिखता है। अन्य दिए गए आइटम सामान्यतः डेबिट विनियोग हैं। / Interest on drawings is income of the firm and appears on the credit side. The other given items are usually debit appropriations.
अ और ब का लाभ अनुपात पांच अनुपात चार है। अ ने फर्म को 60000 रुपये ऋण दिया जिस पर वर्ष भर के लिए छह प्रतिशत ब्याज है। इस ब्याज का लाभ अनुपात से क्या संबंध है?
A. यह लाभ अनुपात से स्वतंत्र खर्च है/It is an expense independent of profit ratio
Explanation
Simple Explanation
साझेदार ऋण ब्याज फर्म का खर्च है और लाभ अनुपात से नहीं बंटता। यह लाभ निकालने से पहले देय होता है। / Interest on partner's loan is a firm's expense and is not shared in the profit ratio. It is payable before profit is determined.
A. अ को 5000 रुपये डेबिट और ब को 5000 रुपये क्रेडिट/Debit A ₹5000 and credit B ₹5000
Explanation
Simple Explanation
अ को 10000 रुपये अतिरिक्त मिले पर लाभ समान घटा था। अ को आधा प्रभाव वापस मिला था इसलिए शुद्ध सुधार 5000 रुपये है। / A received ₹10000 extra but profit had been reduced equally. A bore half through profit share so net correction is ₹5000.
छमाही की शुरुआत में आहरण एक बार बारह महीने और एक बार छह महीने के लिए रहता है। कुल ब्याज 2700 रुपये होगा। / For half yearly drawings at the beginning one amount remains for twelve months and one for six months. Total interest is ₹2700.
पहला आहरण छह महीने और दूसरा शून्य महीने के लिए माना जाता है। इसलिए केवल पहले आहरण पर ब्याज लगेगा। / The first drawing is considered for six months and the second for zero months. So interest is charged only on the first drawing.
विलेख मौन होने पर साझेदार लाभ और हानि समान बांटते हैं। पूंजी का अनुपात अपने आप लागू नहीं होता। / When the deed is silent partners share profits and losses equally. Capital ratio does not apply automatically.
वेतन के बाद शेष 80000 रुपये है और ब का कमीशन 8000 रुपये है। बचा 72000 रुपये में ब को दो पांच हिस्सा मिलेगा। / After salary the balance is ₹80000 and B's commission is ₹8000. B then gets two fifth of the remaining ₹72000.
अ और ब ने 70000 रुपये लाभ दो अनुपात तीन में बांट लिया। बाद में पता चला कि अ के 5000 रुपये आहरण ब्याज को दो बार क्रेडिट कर दिया गया। शुद्ध सुधार क्या होगा?
A. अ को 3000 रुपये क्रेडिट और ब को 3000 रुपये डेबिट/Credit A ₹3000 and debit B ₹3000
Explanation
Simple Explanation
अतिरिक्त क्रेडिट हटाने से कुल लाभ 5000 रुपये घटेगा पर अ का डेबिट भी 5000 रुपये घटेगा। शुद्ध प्रभाव अ के पक्ष में 3000 रुपये है। / Removing the extra credit reduces total profit by ₹5000 but also reduces A's debit by ₹5000. Net effect is ₹3000 in A's favour.
A. जब विलेख स्पष्ट कहे कि यह लाभ या हानि की परवाह किए बिना देय है/When the deed clearly says it is payable irrespective of profit or loss
Explanation
Simple Explanation
सामान्यतः पूंजी ब्याज लाभ तक सीमित होता है। पर विलेख स्पष्ट रूप से कहे तो हानि में भी दिया जा सकता है। / Normally interest on capital is limited to profit. But it can be allowed in loss if the deed clearly provides so.
ऐसी स्थिति में पूंजी ब्याज हानि को बढ़ा देता है। बांटी जाने वाली कुल हानि 20000 जमा 15000 रुपये है। / In such a case interest on capital increases the loss. Total loss to be distributed is ₹20000 plus ₹15000.
अ और ब का लाभ अनुपात दो अनुपात तीन है। अ को न्यूनतम कुल आय 45000 रुपये की गारंटी है जिसमें वेतन 15000 रुपये शामिल है। कुल लाभ 90000 रुपये है। क्या कमी होगी?
वेतन के बाद शेष 75000 रुपये में अ का हिस्सा 30000 रुपये है। कुल आय 45000 रुपये नहीं बल्कि 15000 जमा 30000 बराबर 45000 है इसलिए कमी नहीं होगी। / After salary the balance is ₹75000 and A's share is ₹30000. Total income is ₹15000 plus ₹30000 equal to ₹45000 so there is no deficiency.
अ और ब का लाभ अनुपात दो अनुपात तीन है। अ को न्यूनतम कुल आय 50000 रुपये की गारंटी है जिसमें वेतन 15000 रुपये शामिल है। कुल लाभ 90000 रुपये है। कमी कितनी होगी?
अ की आय वेतन 15000 रुपये और लाभ हिस्सा 30000 रुपये मिलाकर 45000 रुपये है। गारंटी 50000 रुपये है इसलिए कमी 5000 रुपये होगी। / A's income is salary ₹15000 plus profit share ₹30000 equal to ₹45000. Guarantee is ₹50000 so deficiency is ₹5000.
A. फर्म की आय और अ के खाते में डेबिट/Firm's income and debit to A's account
Explanation
Simple Explanation
फर्म ने साझेदार को ऋण दिया है इसलिए ब्याज फर्म की आय है। यह संबंधित साझेदार के खाते में डेबिट होगा। / The firm has given a loan to the partner so interest is income for the firm. It is debited to the concerned partner's account.
A. अ के पक्ष में 10000 रुपये/In favour of A by ₹10000
Explanation
Simple Explanation
कुल वेतन 50000 रुपये का भार तीन अनुपात दो में पड़ेगा। अ को 30000 रुपये मिलना और उसका भार 30000 रुपये होना चाहिए इसलिए असली शुद्ध अंतर ब पर 10000 रुपये है। / The total salary ₹50000 is charged in the 3:2 ratio. Comparing salary due and burden gives a net correction of ₹10000 in A's favour.
यदि विनियोग खाते में अंतिम शेष लाभ अ और ब को गलत अनुपात दो अनुपात एक में बांट दिया गया जबकि सही अनुपात एक अनुपात दो था। कुल शेष लाभ 60000 रुपये था। सुधार क्या होगा?
A. अ को 20000 रुपये डेबिट और ब को 20000 रुपये क्रेडिट/Debit A ₹20000 and credit B ₹20000
Explanation
Simple Explanation
गलत हिस्से अ 40000 और ब 20000 थे जबकि सही हिस्से अ 20000 और ब 40000 हैं। इसलिए 20000 रुपये अ से ब को जाएंगे। / Wrong shares were A ₹40000 and B ₹20000 while correct shares are A ₹20000 and B ₹40000. So ₹20000 is transferred from A to B.
अ और ब की पूंजी क्रमशः 300000 रुपये और 200000 रुपये है। लाभ अनुपात समान है। पूंजी पर ब्याज आठ प्रतिशत देना है। यदि लाभ 70000 रुपये है और कोई अन्य समायोजन नहीं है तो ब का कुल लाभ कितना होगा?
पूंजी ब्याज अ 24000 रुपये और ब 16000 रुपये होगा। शेष 30000 रुपये समान बांटने पर ब का कुल 31000 रुपये होना चाहिए। / Interest on capital is A ₹24000 and B ₹16000. The balance ₹30000 is shared equally so B's total should be ₹31000.
लाभ और हानि विनियोग खाते में शुद्ध लाभ 200000 रुपये है। आहरण पर ब्याज 8000 रुपये है। साझेदार वेतन 40000 रुपये पूंजी पर ब्याज 30000 रुपये और कमीशन 10000 रुपये है। शेष वितरित लाभ कितना होगा?
आहरण पर ब्याज को क्रेडिट में जोड़कर बाकी विनियोग घटाए जाते हैं। इसलिए शेष 200000 जमा 8000 घटा 80000 बराबर 128000 रुपये है। / Interest on drawings is added on the credit side and other appropriations are deducted. So the balance is ₹200000 plus ₹8000 minus ₹80000 equal to ₹128000.
मासिक शुरुआत वाले आहरण में औसत अवधि साढ़े छह महीने होती है। कुल आहरण 48000 रुपये पर यही समय लगेगा। / For monthly drawings at the beginning the average period is 6.5 months. Apply this period on total drawings of ₹48000.
महीने के अंत में नियमित आहरण पर औसत अवधि साढ़े पांच महीने होती है। इसी आधार पर ब्याज 3300 रुपये है। / For regular drawings at the end of each month the average period is 5.5 months. On this basis interest is ₹3300.
तिमाही के मध्य में नियमित आहरण के लिए औसत अवधि छह महीने मानी जाती है। कुल आहरण 60000 रुपये पर छह महीने का ब्याज लगेगा। / For quarterly drawings made in the middle the average period is taken as six months. Interest is charged on total drawings ₹60000 for six months.
अ ने एक अप्रैल को 10000 रुपये एक अगस्त को 16000 रुपये और एक दिसंबर को 24000 रुपये निकाले। वर्ष इकतीस मार्च को समाप्त होता है और ब्याज दर नौ प्रतिशत है। आहरण पर ब्याज कितना होगा?
राशियों पर क्रमशः बारह आठ और चार महीने का ब्याज लगेगा। उत्पाद विधि से कुल ब्याज 3150 रुपये है। / The amounts carry interest for twelve eight and four months respectively. By product method total interest is ₹3150.
अ और ब लाभ को तीन अनुपात दो में बांटते हैं। अ को 24000 रुपये वेतन मिलना था लेकिन भूल गया। लाभ पहले बांटा जा चुका है। सुधार प्रविष्टि में ब को कितना डेबिट किया जाएगा?
वेतन का भार लाभ अनुपात में पड़ेगा। ब अपने दो पांच हिस्से के कारण 9600 रुपये वहन करेगा। / The salary burden falls in the profit ratio. B bears two fifth of ₹24000 which is ₹9600.
A. ब को 2000 रुपये डेबिट और अ को 2000 रुपये क्रेडिट/Debit B ₹2000 and credit A ₹2000
Explanation
Simple Explanation
आहरण ब्याज ब से वसूलना है पर लाभ बढ़ने पर ब को तीन चौथाई वापस मिलता। शुद्ध भार ब पर 2000 रुपये है। / Interest must be recovered from B but increased profit would give B back three fourth. Net burden on B is ₹2000.
अ और ब का लाभ अनुपात दो अनुपात पांच है। अ की पूंजी 140000 रुपये और ब की 210000 रुपये है। पूंजी पर ब्याज दस प्रतिशत छूट गया और लाभ पहले बांटा गया। शुद्ध समायोजन किसके पक्ष में होगा?
A. अ के पक्ष में 4000 रुपये/In favour of A by ₹4000
Explanation
Simple Explanation
देय ब्याज अ 14000 रुपये और ब 21000 रुपये है। कुल भार लाभ अनुपात में डालने पर अ को 4000 रुपये शुद्ध मिलेंगे। / Interest due is A ₹14000 and B ₹21000. After charging the total in profit ratio A receives a net ₹4000.
अ ब और स लाभ को पांच अनुपात तीन अनुपात दो में बांटते हैं। स को 50000 रुपये न्यूनतम लाभ की गारंटी अ अकेले देता है। कुल लाभ 200000 रुपये है। अ का अंतिम हिस्सा कितना होगा?
स का सामान्य हिस्सा 40000 रुपये है और कमी 10000 रुपये है। अ अपने सामान्य 100000 रुपये में से यह कमी वहन करेगा। / C's normal share is ₹40000 and deficiency is ₹10000. A bears this deficiency out of his normal ₹100000 share.
अ ब और स लाभ को चार अनुपात चार अनुपात एक में बांटते हैं। स को 30000 रुपये की गारंटी अ और ब अपने लाभ अनुपात में देते हैं। कुल लाभ 180000 रुपये है। ब का अंतिम लाभ कितना होगा?
स का सामान्य हिस्सा 20000 रुपये है और कमी 10000 रुपये है। अ और ब बराबर कमी वहन करते हैं इसलिए ब का हिस्सा 80000 से घटकर 75000 रुपये है। / C's normal share is ₹20000 and deficiency is ₹10000. A and B bear it equally so B's share falls from ₹80000 to ₹75000.
मौन विलेख में साझेदार के ऋण पर छह प्रतिशत वार्षिक ब्याज मिलता है। तीन महीने के लिए ब्याज 3000 रुपये होगा। / Under a silent deed partner's loan carries 6% interest per annum. For three months the interest is ₹3000.
A. कोई ब्याज नहीं लगेगा/No interest will be charged
Explanation
Simple Explanation
फर्म द्वारा साझेदार को दिए ऋण पर ब्याज तभी लगता है जब विलेख में हो। इसे साझेदार द्वारा फर्म को दिए ऋण से अलग रखें। / Interest on loan given by the firm to a partner is charged only if the deed provides it. Keep it separate from partner's loan to the firm.
विलेख में पूंजी पर ब्याज आठ प्रतिशत है। लाभ केवल 36000 रुपये है। अ और ब की पूंजी क्रमशः 300000 रुपये और 200000 रुपये है। कोई अन्य विनियोग नहीं है। ब को कितना ब्याज मिलेगा?
देय ब्याज अ 24000 रुपये और ब 16000 रुपये है। लाभ कम होने पर उपलब्ध 36000 रुपये इसी अनुपात में बांटे जाएंगे। / Interest due is A ₹24000 and B ₹16000. When profit is insufficient available ₹36000 is divided in that ratio.
लाभ 80000 रुपये है। साझेदार वेतन 50000 रुपये और पूंजी ब्याज 70000 रुपये देय है। विलेख में वेतन को प्राथमिकता दी गई है। पूंजी ब्याज कितना दिया जा सकता है?
पहले प्राथमिकता वाला वेतन 50000 रुपये दिया जाएगा। शेष लाभ 30000 रुपये ही पूंजी ब्याज के लिए उपलब्ध है। / The priority salary of ₹50000 is allowed first. Only remaining profit ₹30000 is available for interest on capital.
कमीशन \(=112000 \times \frac{12}{112}\) होगा। बाद वाले लाभ पर कमीशन में हर सौ जमा दर होता है। / Commission \(=112000 \times \frac{12}{112}\). For commission on profit after commission the denominator is 100 plus the rate.
जब कमीशन सीधे शुद्ध लाभ पर हो तो दर को सीधे लगाया जाता है। 250000 रुपये का सात प्रतिशत 17500 रुपये है। / When commission is directly on net profit apply the rate directly. Seven percent of ₹250000 is ₹17500.
अ और ब लाभ को सात अनुपात तीन में बांटते हैं। ब को कुल लाभ का दस प्रतिशत कमीशन मिलता है और शेष लाभ अनुपात में बांटा जाता है। कुल लाभ 150000 रुपये है। अ का हिस्सा कितना होगा?
ब का कमीशन 15000 रुपये है और शेष 135000 रुपये है। अ को शेष का सात दस हिस्सा 94500 रुपये मिलेगा। / B's commission is ₹15000 and the remaining profit is ₹135000. A gets seven tenths of the balance which is ₹94500.
स्थिर पूंजी पद्धति में अ का चालू खाता प्रारंभ में 12000 रुपये क्रेडिट था। अ को वेतन 30000 रुपये मिला और आहरण 38000 रुपये थे। अंतिम चालू खाता शेष क्या होगा?
क्रेडिट 12000 जमा 30000 बराबर 42000 रुपये और डेबिट 38000 रुपये है। शेष 4000 रुपये क्रेडिट रहेगा। / Credits are ₹12000 plus ₹30000 equal to ₹42000 and debit is ₹38000. The balance remains credit ₹4000.
चल पूंजी पद्धति में ब की प्रारंभिक पूंजी 250000 रुपये है। लाभ हिस्सा 60000 रुपये पूंजी ब्याज 20000 रुपये आहरण 70000 रुपये और आहरण ब्याज 5000 रुपये है। अंतिम पूंजी कितनी होगी?
क्रेडिट समायोजन 80000 रुपये और डेबिट समायोजन 75000 रुपये हैं। पूंजी 5000 रुपये बढ़कर 255000 रुपये होगी। / Credit adjustments are ₹80000 and debit adjustments are ₹75000. Capital increases by ₹5000 to ₹255000.
अ और ब समान साझेदार हैं। अ को पूंजी पर 10000 रुपये ब्याज गलती से नहीं दिया गया और ब को वेतन 6000 रुपये अधिक दिया गया। खातों के बंद होने के बाद शुद्ध सुधार क्या होगा?
A. अ को 8000 रुपये क्रेडिट और ब को 8000 रुपये डेबिट/Credit A ₹8000 and debit B ₹8000
Explanation
Simple Explanation
अ के ब्याज से शुद्ध लाभ 5000 रुपये है और ब के अतिरिक्त वेतन को हटाने से अ को 3000 रुपये और मिलता है। कुल सुधार 8000 रुपये अ के पक्ष में है। / A's omitted interest gives a net benefit of ₹5000 and removing B's excess salary gives A another ₹3000. Total correction is ₹8000 in A's favour.
A. अ को 18000 रुपये डेबिट और ब को 18000 रुपये क्रेडिट/Debit A ₹18000 and credit B ₹18000
Explanation
Simple Explanation
कमीशन या वेतन का भार सही हो चुका है पर क्रेडिट गलत व्यक्ति को गया। इसलिए पूरी राशि अ से ब को स्थानांतरित होगी। / The charge of salary is already correct but the credit went to the wrong person. So the whole amount is transferred from A to B.
A. अ को 6500 रुपये डेबिट और ब को 2500 रुपये क्रेडिट/Debit A ₹6500 and credit B ₹2500
Explanation
Simple Explanation
आहरण ब्याज अ से लेना है और खर्च हटाने से लाभ 4000 रुपये बढ़ेगा। अ पर शुद्ध 6500 रुपये डेबिट और ब को 2500 रुपये क्रेडिट होगा। / Interest is recoverable from A and removing the expense increases profit by ₹4000. Net debit to A is ₹6500 and credit to B is ₹2500.
छूटे वेतन का भार सभी पर लाभ अनुपात में पड़ेगा। अ का तीन छठा हिस्सा 12000 रुपये डेबिट होगा। / The omitted salary is borne by all in the profit ratio. A's three sixth share is ₹12000 debit.
कमीशन स को मिलना है पर उसका आधा भार स खुद लाभ अनुपात में उठाता है। इसलिए शुद्ध क्रेडिट 10000 रुपये होगा। / Commission is payable to C but C bears half of its burden through profit ratio. So net credit is ₹10000.
जब अलग हानि अनुपात न हो तो हानि भी लाभ अनुपात में बांटी जाती है। परीक्षा में पूंजी अनुपात स्वतः नहीं लगाएं। / When no separate loss ratio is given losses are shared in the profit ratio. Do not apply capital ratio automatically.
A. साझेदार के ऋण पर ब्याज/Interest on partner's loan
Explanation
Simple Explanation
साझेदार के ऋण पर ब्याज लाभ निकालने से पहले का खर्च है। बाकी मदें सामान्यतः लाभ का विनियोग हैं। / Interest on partner's loan is an expense before calculating profit. The other items are usually appropriations of profit.
आहरण पर ब्याज साझेदार से फर्म को देय होता है। इसलिए संबंधित साझेदार के खाते में डेबिट किया जाता है। / Interest on drawings is payable by the partner to the firm. Therefore it is debited to the concerned partner's account.
पूंजी पर ब्याज साझेदार को देय राशि है। इसलिए इसे उसके खाते में क्रेडिट किया जाता है। / Interest on capital is an amount payable to the partner. Therefore it is credited to the partner's account.
तारीखें न होने पर औसत अवधि छह महीने ली जाती है। कुल आहरण 120000 रुपये पर छह महीने का ब्याज 3600 रुपये है। / When dates are not given the average period is taken as six months. Interest on total drawings ₹120000 for six months is ₹3600.
150000 रुपये पर पूरे वर्ष और 50000 रुपये पर छह महीने का ब्याज लगेगा। कुल ब्याज 18000 जमा 3000 बराबर 21000 रुपये है। / Interest is charged on ₹150000 for the full year and ₹50000 for six months. Total interest is ₹18000 plus ₹3000 equal to ₹21000.
पूंजी वापसी छह महीने के लिए प्रभावी है। कमी \(60000 \times 10% \times \frac{6}{12}\) बराबर 3000 रुपये है। / The capital withdrawal affects six months. Reduction is \(60000 \times 10% \times \frac{6}{12}\) equal to ₹3000.
अ और ब का लाभ अनुपात तीन अनुपात दो है। ब को 30000 रुपये न्यूनतम लाभ की गारंटी है। कुल लाभ 70000 रुपये है। गारंटी अ द्वारा दी गई है। अ का अंतिम हिस्सा कितना होगा?
ब का सामान्य हिस्सा 28000 रुपये है और कमी 2000 रुपये है। अ का सामान्य हिस्सा 42000 रुपये घटकर 40000 रुपये हो जाएगा। / B's normal share is ₹28000 and deficiency is ₹2000. A's normal share ₹42000 reduces to ₹40000.
विनियोग 40000 रुपये घटाने पर शेष 50000 रुपये है। ब को शेष का एक पांच हिस्सा 10000 रुपये और ब्याज 15000 रुपये मिलेगा। / After deducting appropriations of ₹40000 the balance is ₹50000. B gets one fifth of the balance ₹10000 plus interest ₹15000.
अ ब और स का लाभ अनुपात दो अनुपात दो अनुपात एक है। कुल लाभ 125000 रुपये है। अ को 15000 रुपये वेतन और ब को 10000 रुपये कमीशन है। स का शेष लाभ हिस्सा कितना होगा?
वेतन और कमीशन के बाद शेष 100000 रुपये है। स को एक पांच हिस्सा यानी 20000 रुपये मिलेगा। / After salary and commission the balance is ₹100000. C gets one fifth which is ₹20000.
A. अ और ब के खाते 12000 रुपये प्रत्येक डेबिट/Debit A and B accounts ₹12000 each
Explanation
Simple Explanation
डेबिट पक्ष अधिक होने पर विनियोग हानि बनती है। इसे हानि अनुपात में साझेदारों को डेबिट किया जाता है। / Excess debit side creates appropriation loss. It is debited to partners in the loss sharing ratio.
A. अ को 42000 रुपये डेबिट और ब को 42000 रुपये क्रेडिट/Debit A ₹42000 and credit B ₹42000
Explanation
Simple Explanation
गलत हिस्सा अ 90000 और ब 30000 था जबकि सही हिस्सा अ 48000 और ब 72000 है। इसलिए 42000 रुपये अ से ब को जाएंगे। / Wrong shares were A ₹90000 and B ₹30000 while correct shares are A ₹48000 and B ₹72000. So ₹42000 is transferred from A to B.
A. अ को 9000 रुपये क्रेडिट और ब को 9000 रुपये डेबिट/Credit A ₹9000 and debit B ₹9000
Explanation
Simple Explanation
वेतन में 18000 रुपये कम क्रेडिट हुआ। इसका भार समान अनुपात में पड़ता इसलिए अ का शुद्ध लाभ 9000 रुपये है। / Salary was under credited by ₹18000. Since its burden falls equally A's net benefit is ₹9000.
A. ब को 1600 रुपये डेबिट और अ को 1600 रुपये क्रेडिट/Debit B ₹1600 and credit A ₹1600
Explanation
Simple Explanation
अतिरिक्त ब्याज 4000 रुपये ब से लेना है पर बढ़े लाभ में ब को तीन पांच हिस्सा वापस मिलेगा। शुद्ध भार 1600 रुपये है। / Additional interest of ₹4000 is recoverable from B but B gets back three fifth through increased profit. Net burden is ₹1600.
साझेदार अ को लाभ का दस प्रतिशत कमीशन देना है और फिर शेष लाभ अ और ब में समान बांटना है। लाभ 110000 रुपये है और कमीशन लाभ के बाद वाले आधार पर है। अ का कुल हिस्सा कितना होगा?
कमीशन \(110000 \times \frac{10}{110}=10000\) रुपये है। शेष 100000 रुपये का आधा जोड़ने पर अ को 60000 रुपये मिलते हैं। / Commission is \(110000 \times \frac{10}{110}=10000\). Adding half of remaining ₹100000 gives A ₹60000.
A. अ का खाता 24000 रुपये डेबिट होगा/A's account will be debited ₹24000
Explanation
Simple Explanation
घरेलू किराया साझेदार का निजी खर्च है। फर्म द्वारा भुगतान होने पर यह आहरण माना जाता है और अ का खाता डेबिट होता है। / Household rent is a personal expense of the partner. When paid by the firm it is treated as drawings and A's account is debited.
A. अ के आहरण में 15000 रुपये डेबिट और बिक्री से हटाना/Debit A's drawings by ₹15000 and remove from sales
Explanation
Simple Explanation
निजी उपयोग के लिए माल आहरण है बिक्री नहीं। इसलिए बिक्री कम कर अ के खाते को डेबिट करना चाहिए। / Goods taken for personal use are drawings not sales. So sales should be reduced and A's account debited.
A. वेतन नहीं दिया जाएगा/Salary will not be allowed
Explanation
Simple Explanation
साझेदार वेतन केवल विलेख में प्रावधान होने पर दिया जाता है। मौन विलेख में इसे लाभ का विनियोग नहीं मानते। / Partner salary is allowed only when the deed provides for it. Under a silent deed it is not treated as an appropriation.
A. दोनों नहीं दिए या लगाए जाएंगे/Neither will be allowed or charged
Explanation
Simple Explanation
मौन विलेख में पूंजी पर ब्याज और आहरण पर ब्याज दोनों स्वतः लागू नहीं होते। साझेदार ऋण का नियम अलग है। / Under a silent deed neither interest on capital nor interest on drawings applies automatically. Partner's loan rule is different.
अ ब और स की पूंजी क्रमशः 100000 रुपये 150000 रुपये और 250000 रुपये है। लाभ अनुपात समान है। पूंजी पर ब्याज छह प्रतिशत और लाभ 90000 रुपये है। स का कुल लाभ कितना होगा?
स का पूंजी ब्याज 15000 रुपये है। कुल ब्याज 30000 रुपये घटाने के बाद शेष 60000 रुपये में स को 20000 रुपये मिलेंगे इसलिए कुल 35000 रुपये होना चाहिए। / C's interest on capital is ₹15000. After total interest ₹30000 the balance ₹60000 gives C ₹20000 so total should be ₹35000.
अ ब और स की पूंजी क्रमशः 100000 रुपये 150000 रुपये और 250000 रुपये है। लाभ अनुपात समान है। पूंजी पर ब्याज छह प्रतिशत और लाभ 90000 रुपये है। स का कुल हिस्सा कितना होगा?
स का ब्याज 15000 रुपये है और शेष लाभ में उसका हिस्सा 20000 रुपये है। कुल हिस्सा 35000 रुपये है। / C's interest is ₹15000 and his share in the remaining profit is ₹20000. Total share is ₹35000.
अ और ब लाभ को तीन अनुपात दो में बांटते हैं। पूंजी पर ब्याज कुल 50000 रुपये था पर गलती से लाभ अनुपात में 30000 रुपये ही दिया गया। सही देय ब्याज अ 20000 रुपये और ब 30000 रुपये था। शुद्ध सुधार क्या होगा?
A. ब को 18000 रुपये क्रेडिट और अ को 18000 रुपये डेबिट/Credit B ₹18000 and debit A ₹18000
Explanation
Simple Explanation
गलत ब्याज अ 18000 और ब 12000 दिया गया था। सही राशि से तुलना करने पर ब को 18000 रुपये और अ से 18000 रुपये जाने चाहिए। / Wrong interest given was A ₹18000 and B ₹12000. Comparing with correct amounts B should receive ₹18000 from A.
A. ब को 4000 रुपये क्रेडिट और अ को 4000 रुपये डेबिट/Credit B ₹4000 and debit A ₹4000
Explanation
Simple Explanation
कुल वेतन 24000 रुपये का भार दो अनुपात एक में पड़ता है। ब को 12000 मिलना चाहिए पर उसका भार 8000 रुपये नहीं बल्कि 8000 कम है इसलिए शुद्ध 4000 रुपये ब के पक्ष में है। / Total salary ₹24000 is charged in the 2:1 ratio. Comparing each partner's salary due with burden gives a net ₹4000 in B's favour.
अ ब और स का लाभ अनुपात एक अनुपात दो अनुपात तीन है। स को 36000 रुपये न्यूनतम लाभ की गारंटी सभी साझेदारों ने लाभ अनुपात में दी है। कुल लाभ 90000 रुपये है। अ का अंतिम हिस्सा कितना होगा?
स का सामान्य हिस्सा 45000 रुपये है जो गारंटी से अधिक है। कोई कमी नहीं है इसलिए अ का सामान्य हिस्सा 15000 रुपये रहेगा। / C's normal share is ₹45000 which is more than the guarantee. There is no deficiency so A's normal share remains ₹15000.
अ ब और स का लाभ अनुपात तीन अनुपात तीन अनुपात दो है। स को 40000 रुपये न्यूनतम लाभ की गारंटी अ और ब बराबर देते हैं। कुल लाभ 120000 रुपये है। अ का अंतिम हिस्सा कितना है?
स का सामान्य हिस्सा 30000 रुपये है और कमी 10000 रुपये है। अ आधी कमी 5000 रुपये वहन करता है इसलिए उसका हिस्सा 35000 रुपये रहेगा। / C's normal share is ₹30000 and deficiency is ₹10000. A bears half deficiency ₹5000 so his share becomes ₹35000.
लाभ 60000 रुपये है। विलेख में पूंजी पर ब्याज लाभ हो या हानि हर स्थिति में देय है। पूंजी ब्याज 25000 रुपये और चालू वर्ष की व्यापारिक हानि 60000 रुपये है। कुल हानि कितनी बांटी जाएगी?
हर हाल में देय पूंजी ब्याज हानि को बढ़ाता है। इसलिए बांटी जाने वाली कुल हानि 60000 जमा 25000 बराबर 85000 रुपये है। / Interest on capital payable in all circumstances increases the loss. So total loss to be distributed is ₹60000 plus ₹25000 equal to ₹85000.